
हवा और सूरज
इस मनोरंजक नैतिक कहानी में, हवा और सूरज इस बात पर बहस करते हैं कि कौन अधिक शक्तिशाली है और एक यात्री पर अपनी शक्तियों का परीक्षण करने का फैसला करते हैं, उसे अपना चोगा उतारने के लिए मजबूर करके। हवा के आक्रामक तरीके से यात्री अपने चोगे को और भी कसकर पकड़ लेता है, जबकि सूरज की कोमल गर्मी उसे इसे उतारने के लिए मना लेती है। यह प्रेरणादायक नैतिक कहानी दर्शाती है कि दयालुता अक्सर कठोरता से अधिक प्रभावी होती है, जो इसे कक्षा 7 के छात्रों के लिए एक मूल्यवान सबक बनाती है।


